⚖️ कोर्ट का सख्त फैसला
कच्छ में अंतरराष्ट्रीय ड्रग्स तस्करी के चर्चित मामले में बड़ा फैसला आया है।
भुज की स्पेशल एनडीपीएस कोर्ट ने 6 पाकिस्तानी तस्करों को 20 साल की कठोर कैद और 2-2 लाख रुपये जुर्माना सुनाया है।
🚤 समुद्र के रास्ते तस्करी की साजिश
यह मामला दिसंबर 2021 का है, जब गुजरात एटीएस को सूचना मिली थी कि
कराची बंदरगाह से “अल हुसैनी” नाव के जरिए भारी मात्रा में हेरोइन भारत लाई जा रही है।
🚨 ऐसे पकड़ी गई तस्करों की बोट
एटीएस ने भारतीय तटरक्षक बल के साथ मिलकर संयुक्त ऑपरेशन चलाया।
20 दिसंबर 2021 को जखौ तट के पास संदिग्ध नाव को घेरकर पकड़ा गया।
💰 380 करोड़ की हेरोइन बरामद
तलाशी के दौरान नाव से करीब ₹380 करोड़ कीमत की हेरोइन बरामद हुई।
नाव में सवार सभी 6 लोग पाकिस्तानी नागरिक निकले।
🔍 जांच में क्या सामने आया?
जांच के दौरान कई अहम सबूत जुटाए गए:
- GPS डेटा और रूट ट्रैकिंग
- मोबाइल कॉल रिकॉर्ड
- अंतरराष्ट्रीय संपर्क
- फॉरेंसिक रिपोर्ट
एटीएस ने कोर्ट में 203 दस्तावेज और 13 गवाह पेश किए।
📜 किन धाराओं में सजा?
कोर्ट ने आरोपियों को एनडीपीएस एक्ट की धाराओं 8(C), 22(C), 25 और 29 के तहत दोषी ठहराया।
सभी को 20 साल की सख्त कैद और जुर्माना दिया गया।
⚠️ कोर्ट की कड़ी टिप्पणी
अदालत ने कहा कि
👉 नशीले पदार्थों की तस्करी देश की युवा पीढ़ी और आंतरिक सुरक्षा के लिए बड़ा खतरा है।
🇮🇳 कड़ा संदेश
चार साल बाद आए इस फैसले ने साफ कर दिया है कि
भारत की समुद्री सीमाओं के जरिए ड्रग्स तस्करी करने वालों को कानून बख्शने वाला नहीं है।



