बीजापुर में शुरू हुआ उल्लास साक्षरता केंद्र का नया बैच
बीजापुर जिले में उल्लास साक्षरता केंद्र के अंतर्गत छठवें बैच का शुभारंभ किया गया। इस बैच में 90 पुनर्वासित युवाओं को बुनियादी शिक्षा और अंकज्ञान प्रदान किया जाएगा। इसका उद्देश्य उन्हें साक्षर और आत्मनिर्भर बनाना है।
90 युवाओं को मिलेगा शिक्षा का अवसर
उल्लास साक्षरता केंद्र के इस नए बैच में शामिल युवाओं को पढ़ना, लिखना और गणना करना सिखाया जाएगा। यह पहल पुनर्वासित युवाओं को समाज की मुख्यधारा से जोड़ने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है।
आत्मनिर्भरता की ओर बढ़ेंगे कदम
प्रशासन का लक्ष्य है कि उल्लास साक्षरता केंद्र के माध्यम से युवाओं को शिक्षा देकर रोजगार और स्वरोजगार के बेहतर अवसर उपलब्ध कराए जाएं। इससे वे सम्मानजनक और आत्मनिर्भर जीवन जी सकेंगे।
शिक्षा से बदली कई लोगों की जिंदगी
हाल के कार्यक्रमों में कई पुनर्वासित लोगों ने बताया कि उल्लास साक्षरता केंद्र से मिली शिक्षा ने उनके जीवन में बड़ा बदलाव लाया है। साक्षरता और अंकज्ञान की मदद से वे छोटे व्यवसाय सफलतापूर्वक संचालित कर रहे हैं।
शिक्षण सामग्री का वितरण
कार्यक्रम के दौरान शिक्षार्थियों को प्रवेशिका, अभ्यास पुस्तिका, मार्गदर्शिका, पेन और अन्य आवश्यक शैक्षणिक सामग्री वितरित की गई। इससे उनकी पढ़ाई को आसान और प्रभावी बनाने में मदद मिलेगी।
नियमित अध्ययन के लिए किया प्रेरित
उल्लास साक्षरता केंद्र के शुभारंभ अवसर पर अधिकारियों ने शिक्षा के महत्व पर प्रकाश डाला। युवाओं को नियमित अध्ययन करने और जीवन में आगे बढ़ने के लिए प्रेरित किया गया। यह अभियान शिक्षा के माध्यम से सामाजिक परिवर्तन की दिशा में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है।



