शासकीय आयुष पालीक्लिनिक धमतरी में छोटे बच्चों को स्वर्णप्राशन ड्राप पिलाते डा. योगेश नेताम
धमतरी, 18 जून – छत्तीसगढ़ के धमतरी जिले में स्थित शासकीय आयुष पालीक्लिनिक में डॉ. योगेश नेताम द्वारा छोटे बच्चों को स्वर्णप्राशन ड्राप पिलाने की दिशा में काम किया जा रहा है। यह कार्य आयुष विभाग के मार्गदर्शन में किया जा रहा है, जिसका उद्देश्य बच्चों के स्वास्थ्य और विकास को बढ़ावा देना है।
स्वर्णप्राशन ड्राप का महत्व
स्वर्णप्राशन ड्राप एक प्रकार का आयुष उपचार है, जिसमें सोने के पाउडर को पिलाया जाता है। यह उपचार बच्चों के स्वास्थ्य और विकास के लिए बहुत महत्वपूर्ण है, क्योंकि यह उनके शरीर में आवश्यक पोषक तत्वों को प्रदान करता है। स्वर्णप्राशन ड्राप का उपयोग बच्चों के शारीरिक और मानसिक विकास को बढ़ावा देने के लिए किया जाता है, जिससे वे स्वस्थ और मजबूत बन सकते हैं।
डॉ. योगेश नेताम की पहल
डॉ. योगेश नेताम, जो शासकीय आयुष पालीक्लिनिक धमतरी के प्रमुख हैं, ने छोटे बच्चों को स्वर्णप्राशन ड्राप पिलाने की दिशा में काम शुरू किया है। उन्होंने बताया कि आयुष विभाग के मार्गदर्शन में हम बच्चों को स्वर्णप्राशन ड्राप पिला रहे हैं, जिससे उनके स्वास्थ्य और विकास में सुधार हो रहा है। उन्होंने कहा कि हमारा उद्देश्य बच्चों को स्वस्थ और मजबूत बनाना है, जिससे वे अपने लक्ष्यों को प्राप्त कर सकें।
बच्चों के स्वास्थ्य के लिए महत्वपूर्ण कदम
स्वर्णप्राशन ड्राप का उपयोग बच्चों के स्वास्थ्य और विकास के लिए बहुत महत्वपूर्ण है। यह उपचार बच्चों के शरीर में आवश्यक पोषक तत्वों को प्रदान करता है, जिससे वे स्वस्थ और मजबूत बन सकते हैं। डॉ. योगेश नेताम की पहल से बच्चों के स्वास्थ्य में सुधार हो रहा है, जो एक महत्वपूर्ण कदम है।
आयुष विभाग का समर्थन
आयुष विभाग ने भी डॉ. योगेश नेताम की पहल का समर्थन किया है। आयुष विभाग के अधिकारियों ने कहा कि हम बच्चों के स्वास्थ्य और विकास के लिए काम कर रहे हैं, जिससे वे स्वस्थ और मजबूत बन सकें। उन्होंने कहा कि डॉ. योगेश नेताम की पहल से बच्चों के स्वास्थ्य में सुधार हो रहा है, जो एक महत्वपूर्ण कदम है।
निष्कर्ष
डॉ. योगेश नेताम की पहल से बच्चों के स्वास्थ्य में सुधार हो रहा है। स्वर्णप्राशन ड्राप का उपयोग बच्चों के स्वास्थ्य और विकास के लिए बहुत महत्वपूर्ण है, जिससे वे स्वस्थ और मजबूत बन सकते हैं। आयुष विभाग का समर्थन और डॉ. योगेश नेताम की पहल से बच्चों के स्वास्थ्य में सुधार हो रहा है, जो एक महत्वपूर्ण कदम है।



