श्रीलंका के पूर्व प्रधानमंत्री रानिल विक्रमसिंघे को भारत में प्रत्यर्पित करने के लिए श्रीलंकाई सरकार ने भारत को एक अनुरोध भेजा है। रानिल विक्रमसिंघे पर श्रीलंकाई सरकार द्वारा गिरावट के बाद के दौरान भ्रष्टाचार के आरोप लगाए गए थे।
श्रीलंकाई पुलिस ने रानिल विक्रमसिंघे के खिलाफ मामले दर्ज किए
श्रीलंकाई पुलिस ने रानिल विक्रमसिंघे के खिलाफ भ्रष्टाचार, अवैध पैसे स्थानांतरित करना और राजद्रोह के आरोप लगाए हैं। पुलिस ने कहा है कि विक्रमसिंघे ने अपने कार्यकाल के दौरान कई बड़े निर्णयों के लिए दबाव डाला और भ्रष्टाचार को बढ़ावा दिया।
भारत ने श्रीलंकाई सरकार को आश्वासन दिया है
भारत ने श्रीलंकाई सरकार को आश्वासन दिया है कि वह रानिल विक्रमसिंघे को भारत में प्रत्यर्पित करने के लिए तैयार है। भारत और श्रीलंका के बीच एक समझौता है, जिसके अनुसार दोनों देशों के नागरिकों को एक दूसरे के देश में प्रत्यर्पित किया जा सकता है।
विक्रमसिंघे की विदेश यात्रा पर सवाल
रानिल विक्रमसिंघे की विदेश यात्रा पर सवाल उठाए गए हैं। श्रीलंकाई पुलिस ने कहा है कि विक्रमसिंघे ने अपने कार्यकाल के दौरान कई विदेश यात्राएं कीं, जिनके लिए उन्हें कोई अनुमति नहीं थी। इसके अलावा, विक्रमसिंघे ने अपने कार्यकाल के दौरान कई बड़े निर्णयों के लिए दबाव डाला, जिससे श्रीलंकाई अर्थव्यवस्था पर नकारात्मक प्रभाव पड़ा है।
निष्कर्ष
रानिल विक्रमसिंघे के प्रत्यर्पण का मामला एक बड़ा मुद्दा बन गया है। श्रीलंकाई सरकार ने भारत को अनुरोध किया है कि वह विक्रमसिंघे को प्रत्यर्पित करे। भारत ने श्रीलंकाई सरकार को आश्वासन दिया है कि वह विक्रमसिंघे को प्रत्यर्पित करने के लिए तैयार है। लेकिन विक्रमसिंघे की विदेश यात्रा पर सवाल उठाए गए हैं और उनके खिलाफ भ्रष्टाचार के आरोप लगाए गए हैं। यह मामला आगे बढ़ने के बाद ही पता चलेगा कि विक्रमसिंघे को क्या होगा।


