🔹 टीएमसी नेता कवि दत्त ने राजनीति को कहा अलविदा
कवि दत्त ने सक्रिय राजनीति से संन्यास लेने की घोषणा कर दी है।
पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 के नतीजों के बीच उनका यह फैसला चर्चा का विषय बन गया है।
🔹 सोशल मीडिया पर साझा किया भावुक संदेश
दुर्गापुर पश्चिम विधानसभा सीट से तृणमूल कांग्रेस के उम्मीदवार रहे कवि दत्त उर्फ “बाप्पा” ने सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए अपने फैसले की जानकारी दी।
उन्होंने लिखा कि उनका “36 दिनों का राजनीतिक अध्याय” अब समाप्त हो गया है।
🔹 जनता के फैसले को बताया सर्वोपरि
कवि दत्त ने कहा कि लोकतंत्र में जनता का निर्णय सबसे महत्वपूर्ण होता है और वह बंगाल की जनता के जनादेश को पूरी विनम्रता से स्वीकार करते हैं।
उन्होंने नई सरकार को शुभकामनाएं देते हुए राज्य के विकास की कामना भी की।
🔹 समर्थकों का जताया आभार
अपने संदेश में उन्होंने समर्थकों और शुभचिंतकों का धन्यवाद करते हुए कहा कि जनता से मिला प्यार हमेशा याद रहेगा।
उन्होंने यह भी कहा कि यदि उनके छोटे राजनीतिक सफर में कोई गलती हुई हो तो वह उसके लिए क्षमा चाहते हैं।
🔹 फैसले के बाद तेज हुई राजनीतिक चर्चा
पश्चिम बंगाल की राजनीति में इस फैसले को बड़ा घटनाक्रम माना जा रहा है।
सोशल मीडिया पर समर्थकों की भावुक प्रतिक्रियाएं सामने आ रही हैं, जबकि राजनीतिक विश्लेषक इसे चुनावी परिणामों से जोड़कर देख रहे हैं।



