🔹 नेपाल सरकार फैसला क्यों चर्चा में?
नेपाल सरकार ने बड़ा प्रशासनिक कदम उठाया है।
नेपाल सरकार फैसला के तहत 15 मानद प्रतिनिधियों को हटाया गया।
इस निर्णय के बाद राजनीतिक हलचल तेज हो गई है।
🔹 किन पदों पर हुई कार्रवाई?
मानद महावाणिज्य दूत और वाणिज्यदूतों को पदमुक्त किया गया।
ये प्रतिनिधि कई देशों में नेपाल का प्रतिनिधित्व कर रहे थे।
नेपाल सरकार फैसला विदेश मंत्रालय के प्रस्ताव पर लिया गया।
🔹 किन देशों पर पड़ा असर?
जापान, जर्मनी, स्पेन और मलेशिया जैसे देशों में बदलाव हुआ।
कई यूरोपीय और एशियाई देशों के प्रतिनिधि हटाए गए।
नेपाल सरकार फैसला कूटनीतिक स्तर पर अहम माना जा रहा है।
🔹 सरकार ने और क्या निर्णय लिया?
मंत्रिपरिषद् बैठक में संसद सत्र को लेकर भी फैसला हुआ।
राष्ट्रपति रामचन्द्र पौडेल से संयुक्त अधिवेशन संबोधित करने का अनुरोध किया जाएगा।
नेपाल सरकार फैसला कई स्तरों पर महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
🔹 आगे क्या असर हो सकता है?
इस कदम से नेपाल की विदेश नीति में बदलाव के संकेत मिल रहे हैं।
कूटनीतिक नियुक्तियों को लेकर नई चर्चाएं शुरू हो गई हैं।
नेपाल सरकार फैसला आने वाले दिनों में और चर्चा में रह सकता है।



