यमुनानगर: सरकारी कर्मियों ने महंगाई भत्ते के विरोध में किया प्रदर्शन

0
326

यमुनानगर , 3 अप्रैल (हि.स.)। सर्व कर्मचारी संघ हरियाणा के आह्वान पर हरियाणा गवर्नमेंट पीडब्ल्यूडी बीएंडआर मैकेनिकल वर्क्स यूनियन जिला कार्यकारिणी ने मोटरसाइकिल जत्था चलाकर पब्लिक हेल्थ, पीडब्ल्यूडी बीएंडआर, इरिगेशन,फायर ब्रिगेड, नगरपालिका,बिजली, हुड्डा सहित अन्य विभागों में जाकर केंद्र सरकार द्वारा सरकारी कर्मचारियों को जारी दो प्रतिशत महंगाई भत्ते की मामूली बढ़ौतरी के विरोध में गेट बैठक कर प्रदर्शन किया।

जत्थे का संचालन कर रहे जिला सचिव प्रेम प्रकाश ने गुरुवार को बताया कि भारत की संचित निधि से पेंशन देनदारियों पर व्यय के (पेंशन) नियमों और सिद्धांतों का सत्यापन वित विधेयक 2025 के भाग के रूप में 25 मार्च को लोकसभा में पारित किया। जिसके अनुसार 31 दिसंबर 2025 तक सेवानिवृत्त होने वाले कर्मचारियों तथा पूर्व के पेंशनर्स को आठवें वेतन आयोग के लाभ से वंचित कर दिया गया है। दूसरी ओर इसी दिन लोकसभा के सांसदों के वेतन में 24 प्रतिशत वृद्धि, न्यूनतम पेंशन 25000 से 31000 रूपये किया था। दैनिक भत्ता 2000 से बढ़ाकर 2500 रूपये किया गया।

उन्होंने बताया कि सरकार के पेंशन संबंधी विधेयक पारित कर सत्ता का चरित्र उजागर कर जनता के प्रति जवाबदेही को दर्शाता है। कर्मचारियों को दो प्रतिशत महंगाई भत्ता भी इसी चाल चरित्र को प्रदर्शित करता है। सर्व कर्मचारी संघ यूनिफाइड पेंशन योजना जो प्रथम अप्रैल को लागू करने जा रहा है को वापस लेकर पुरानी पेंशन बहाल करने की मांग करता है। सर्व कर्मचारी संघ हरियाणा मांग करता है कि हरियाणा सरकार अपने कर्मचारियों को कम से कम छह प्रतिशत महंगाई भत्ता दे। केंद्र सरकार वेतन आयोग के नियमों से कोई छेडछाड ना करे। वेतन आयोग का गठन तुरंत किया जाए और वेतन आयोग की सिफारिशों को समय पर लागू करने का कार्य करे। हरियाणा सरकार प्रदेश का अलग से वेतन आयोग गठित करे। वेतन आयोग लागू होने तक 5000 रुपये अन्तरिम सहायता दी जाए।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here