🚀 एनएसयूटी में स्टार्टअप क्रांति की शुरुआत
दिल्ली सरकार ने शुक्रवार को नेताजी सुभाष प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय (NSUT) परिसर में दिल्ली स्टार्टअप युवा महोत्सव 2026 का भव्य आयोजन किया। इसका उद्देश्य छात्र उद्यमिता को बढ़ावा देना और दिल्ली को भारत की स्टार्टअप राजधानी के रूप में स्थापित करना है।
🎓 शिक्षा मंत्री का प्रेरक संदेश
शिक्षा मंत्री आशीष सूद ने कार्यक्रम का उद्घाटन करते हुए कहा कि
“आज के छात्र विकसित भारत के शिल्पकार हैं। विश्वविद्यालय केवल डिग्री देने वाले संस्थान नहीं, बल्कि नवाचार और राष्ट्र निर्माण के केंद्र हैं।”
उन्होंने इसे “कैंपस से मार्केट” आंदोलन की शुरुआत बताया, जिससे छात्रों के नवाचार सीधे बाजार तक पहुंचेंगे।
🇮🇳 भारत की स्टार्टअप सफलता गाथा
मंत्री सूद ने बताया कि 2014 से पहले भारत में सिर्फ 3 यूनिकॉर्न थे, जबकि आज देश में
- 125 से अधिक यूनिकॉर्न
- कुल वैल्यूएशन 366 अरब डॉलर से ज्यादा
- 1.97 लाख से अधिक DPIIT मान्यता प्राप्त स्टार्टअप
मौजूद हैं।
खास बात यह भी रही कि 45% स्टार्टअप्स का नेतृत्व महिलाएं कर रही हैं, जो भारत की समावेशी उद्यमिता का संकेत है।
🏛️ दिल्ली सरकार की नई स्टार्टअप नीति
दिल्ली सरकार ₹325 करोड़ के बजट के साथ दिल्ली स्टार्टअप नीति 2025 लाने जा रही है, जिसका लक्ष्य है:
👉 2035 तक 5,000 स्टार्टअप्स को सपोर्ट करना
इसके तहत:
- Delhi Student Seed Fund की स्थापना
- टॉप 6 स्टार्टअप्स को ₹10 लाख तक Equity-Free Seed Grant
- टॉप 100 स्टूडेंट स्टार्टअप्स को ₹1 लाख की सहायता
🌱 भविष्य का स्टार्टअप हब बनेगी दिल्ली
मंत्री सूद ने कहा कि यह महोत्सव हर साल आयोजित होगा और इससे
छात्र – मेंटर – निवेशक – उद्योग जगत को जोड़कर एक मजबूत Startup Ecosystem बनेगा।




