T20 World Cup 2026 India Pakistan Boycott: क्यों इतना बड़ा मुद्दा?
T20 World Cup में
भारत बनाम पाकिस्तान सिर्फ एक मैच नहीं होता—
👉 यह पूरे टूर्नामेंट की कमाई की रीढ़ होता है।
- सबसे ज्यादा TV व्यूअरशिप
- सबसे महंगे विज्ञापन
- सबसे ज्यादा स्पॉन्सर इंटरेस्ट
इसी एक मैच पर ICC का बड़ा दांव होता है।
💰 2200 करोड़ का गणित कैसे बनता है?
📺 1. ब्रॉडकास्टिंग रेवेन्यू
भारत–पाक मैच:
- अकेले 700–900 करोड़ रुपये की व्यूअरशिप वैल्यू
- ब्रॉडकास्टर्स सबसे महंगे स्लॉट इसी मैच पर बेचते हैं
अगर मैच नहीं हुआ:
👉 TV राइट्स की वैल्यू सीधे गिरती है।
📢 2. विज्ञापन और स्पॉन्सरशिप
- एक मैच में 10–15 सेकंड का एड करोड़ों में बिकता है
- बड़े ब्रांड सिर्फ IND vs PAK के लिए खास बजट रखते हैं
मैच कैंसिल =
👉 1000 करोड़ रुपये तक का स्पॉन्सर लॉस
🎟️ 3. टिकट और ग्राउंड रेवेन्यू
- स्टेडियम पूरी तरह हाउसफुल
- टिकट मिनटों में सोल्ड आउट
- मर्चेंडाइज और फैन एक्टिविटी
इससे भी सैकड़ों करोड़ की कमाई होती है।
➕ कुल जोड़
📺 ब्रॉडकास्ट
📢 एडवर्टाइजमेंट
🎟️ टिकट + मर्चेंडाइज
➡️ कुल संभावित नुकसान: करीब 2200 करोड़ रुपये
यही वजह है कि कहा जा रहा है—
👉 एक बॉयकॉट से ICC का बंटाधार हो सकता है।
🇵🇰 पाकिस्तान को क्या मिलेगा?
कड़वी सच्चाई यह है कि:
- पाकिस्तान क्रिकेट पहले से आर्थिक संकट में है
- ICC से मिलने वाला रेवेन्यू ही उसका सहारा है
अगर बॉयकॉट हुआ:
- ICC सख्त कार्रवाई कर सकता है
- टूर्नामेंट से बाहर होने का खतरा
- भविष्य के इवेंट्स पर भी असर
यानी:
👉 पाकिस्तान क्रिकेट पर ताला लगना लगभग तय माना जा रहा है।
🇮🇳 भारत की भूमिका क्यों अहम है?
भारत:
- ICC की कमाई का सबसे बड़ा स्रोत
- सबसे बड़ा क्रिकेट मार्केट
भारत-पाक मैच न हो तो:
👉 ICC की पूरी बिजनेस स्ट्रैटेजी हिल जाती है।
🧠 असली लड़ाई क्या है?
यह लड़ाई:
- क्रिकेट की नहीं
- खिलाड़ियों की नहीं
👉 पैसे, पावर और पॉलिटिक्स की है।





