🔥 धर्मशाला में गरमाई सियासत
धर्मशाला में सुंदर सिंह बयान विवाद को लेकर राजनीतिक माहौल गर्म हो गया है। सुलह विधानसभा क्षेत्र के विधायक और पूर्व विधानसभा अध्यक्ष विपिन सिंह परमार ने कांग्रेस विधायक सुंदर सिंह द्वारा नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर के खिलाफ कथित “एक्सीडेंटल मुख्यमंत्री” जैसे शब्दों के प्रयोग पर कड़ी आपत्ति जताई है।
🏛️ सदन की गरिमा का मुद्दा
विपिन परमार ने कहा कि विधानसभा में सभी विधायक जनता के आशीर्वाद से चुनकर आते हैं और किसी भी सदस्य के लिए असंसदीय शब्दों का प्रयोग करना सदन की गरिमा के खिलाफ है। उन्होंने आरोप लगाया कि मुख्यमंत्री को खुश करने और मंत्री पद पाने की कोशिश में ऐसे शब्दों का इस्तेमाल किया गया।
उन्होंने यह भी कहा कि जब यह टिप्पणी की गई, उस समय जयराम ठाकुर सदन में मौजूद नहीं थे। परमार ने मांग की कि संबंधित शब्दों को विधानसभा की कार्यवाही से हटाया जाए।
⚖️ छह बार चुने गए प्रतिनिधि पर टिप्पणी अनुचित
परमार ने कहा कि जयराम ठाकुर छह बार सिराज से विधायक चुने गए हैं और पार्टी के निर्णय के बाद मुख्यमंत्री बने। ऐसे वरिष्ठ नेता के लिए इस प्रकार की टिप्पणी अनुचित है।
सुंदर सिंह बयान विवाद को लेकर उन्होंने कांग्रेस सरकार पर दोहरे मापदंड अपनाने का आरोप भी लगाया।
📌 असंसदीय शब्द हटाने की मांग
विपिन परमार ने स्पष्ट कहा कि नेता प्रतिपक्ष के खिलाफ प्रयोग किए गए शब्द असंसदीय हैं और उन्हें तत्काल सदन की कार्यवाही से हटाया जाना चाहिए।



