582 बच्चों को किया गया बरामद
केंद्रीय महिला एवं बाल विकास मंत्रालय की ‘मिसिंग चिल्ड्रन’ रिपोर्ट में चौंकाने वाले आंकड़े सामने आए हैं।
छत्तीसगढ़ लापता बच्चे मामलों में 1 जनवरी 2025 से 31 जनवरी 2026 के बीच 982 बच्चे लापता हुए।
400 बच्चे अब भी लापता
इनमें से 582 बच्चों को बरामद कर लिया गया है।
छत्तीसगढ़ लापता बच्चे मामलों में 400 बच्चों का अब तक कोई पता नहीं चल पाया है।
देश में छठे स्थान पर राज्य
रिपोर्ट के अनुसार छत्तीसगढ़ देश में छठे स्थान पर है।
छत्तीसगढ़ लापता बच्चे मामलों में 14 से 17 वर्ष आयु वर्ग सबसे अधिक प्रभावित है।
लड़कियों की संख्या अधिक
विशेषज्ञों के अनुसार इस आयु वर्ग में लड़कियां अधिक संख्या में लापता हुई हैं।
छत्तीसगढ़ लापता बच्चे मामलों के पीछे मानव तस्करी, बाल श्रम और पारिवारिक विवाद जैसे कारण हो सकते हैं।
ऑपरेशन मुस्कान से मिली सफलता
छत्तीसगढ़ पुलिस ने ऑपरेशन मुस्कान अभियान के तहत कई बच्चों को खोजा है।
छत्तीसगढ़ लापता बच्चे मामलों में पुलिस की टीमें कई राज्यों तक पहुंचकर तलाश कर रही हैं।



