काशी में नवरात्र का आध्यात्मिक माहौल
वाराणसी में चैत्र नवरात्र के पहले दिन से ही पूरा शहर मां दुर्गा की आराधना में डूब गया है।
वाराणसी नवरात्र दर्शन भीड़ के तहत मंदिरों में श्रद्धालुओं का सैलाब उमड़ पड़ा।
मां शैलपुत्री के दरबार में भारी भीड़
नवरात्र के प्रथम दिन श्रद्धालु बड़ी संख्या में मां शैलपुत्री और मुख निर्मालिका गौरी के दर्शन के लिए पहुंचे।
भक्त रात से ही कतारों में लगकर नारियल, फूल-माला और चुनरी अर्पित करते नजर आए।
प्रमुख मंदिरों में उमड़ी श्रद्धा
शहर के कई प्रसिद्ध देवी मंदिरों में भी दर्शन के लिए भीड़ जुटी—
- दुर्गा कुंड मंदिर
- कामाख्या मंदिर
- संकठा मंदिर
- जालपा देवी मंदिर
इन मंदिरों में भी सुबह से ही भक्तों की लंबी कतारें देखी गईं।
घर-घर में अखंड ज्योति और पाठ
नवरात्र के पहले दिन से ही घरों और मंदिरों में—
- दुर्गा चालीसा
- सप्तशती पाठ
- चंडी पाठ
की गूंज सुनाई दी।
श्रद्धालुओं ने कलश स्थापना कर अखंड ज्योति प्रज्ज्वलित की और नौ दिनों के व्रत का संकल्प लिया।
मां शैलपुत्री का महत्व
मान्यता है कि मां शैलपुत्री के दर्शन से जीवन में सुख-समृद्धि आती है और वैवाहिक कष्ट दूर होते हैं।
👉 वाराणसी नवरात्र दर्शन भीड़ यह दर्शाती है कि काशी में आस्था और परंपरा का अद्भुत संगम आज भी जीवंत है।



