प्रदेश के एक प्रमुख कारीगर प्रशिक्षण केन्द्र में एक माह के बढ़ईगीरी प्रशिक्षण का आयोजन पूरा हो गया। इस प्रशिक्षण कार्यक्रम में 15 युवाओं ने भाग लिया और उनकी बढ़ईगीरी की। उन्हें प्रमाणपत्र और एक विशेष टूल किट प्रदान की गई।
प्रशिक्षण कार्यक्रम की शुरुआत
इस प्रशिक्षण कार्यक्रम की शुरुआत 1 जून 2026 को हुई थी। 15 युवाओं ने इसमें भाग लिया, जिनमें से अधिकांश पहले से ही कारीगर पेशे से जुड़े थे। प्रशिक्षकों ने उन्हें बढ़ईगीरी के विभिन्न पहलुओं के बारे में जानकारी दी, जैसे कि लकड़ी को काटना, आकार देना, और जोड़ना।
प्रशिक्षण के दौरान कारीगरों की प्रतिभा का प्रदर्शन
प्रशिक्षण के दौरान, कारीगरों ने अपनी बढ़ईगीरी की प्रतिभा का प्रदर्शन किया। उन्होंने लकड़ी के मॉडल बनाए, जैसे कि घर, दीवार, और मेज। प्रशिक्षकों ने उन्हें प्रत्येक मॉडल पर काम करते हुए मार्गदर्शन दिया और उन्हें सुझाव दिए कि कैसे उन्हें सुधारा जा सकता है।
प्रमाणपत्र और टूल किट प्रदान
प्रशिक्षण कार्यक्रम के अंत में, 15 युवाओं को प्रमाणपत्र और एक विशेष टूल किट प्रदान की गई। प्रमाणपत्र उन्हें बढ़ईगीरी में उनकी प्रतिभा और प्रतिभागिता के लिए प्रदान किया गया। टूल किट में लकड़ी काटने के लिए आवश्यक टूल, जैसे कि कैंची, पेंच, और स्क्रूड्राइवर शामिल थे।
निष्कर्ष
इस माह के बढ़ईगीरी प्रशिक्षण कार्यक्रम का आयोजन प्रदेश के युवाओं को बढ़ईगीरी के पेशे में अपनी रुचि और कौशल को विकसित करने का अवसर प्रदान करने के लिए किया गया। प्रशिक्षण कार्यक्रम के दौरान कारीगरों ने अपनी बढ़ईगीरी की प्रतिभा का प्रदर्शन किया और प्रमाणपत्र और टूल किट प्राप्त किए। यह प्रशिक्षण कार्यक्रम भविष्य में भी आयोजित किया जाएगा, जिससे और भी युवा बढ़ईगीरी पेशे को अपना सकते हैं।


