जल संसाधन विभाग की उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक करते मुख्यमंत्री सम्राट
राजधानी में जल संसाधन विभाग की उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक का आयोजन किया गया, जिसमें मुख्यमंत्री सम्राट ने भाग लिया। इस बैठक में जल संसाधन विभाग की वर्तमान स्थिति की समीक्षा की गई और भविष्य के लक्ष्यों को निर्धारित किया गया।
मुख्यमंत्री ने जल संसाधन विभाग की कार्यशैली की सराहना की
मुख्यमंत्री सम्राट ने जल संसाधन विभाग की कार्यशैली की सराहना की और कहा कि विभाग ने जल संसाधनों के प्रबंधन में महत्वपूर्ण काम किया है। उन्होंने कहा कि जल संसाधन विभाग को जल संचयन, जल संरक्षण और जल प्रदूषण नियंत्रण के क्षेत्र में और भी अधिक काम करना होगा।
जल संसाधन विभाग की वर्तमान स्थिति की समीक्षा की गई
बैठक में जल संसाधन विभाग की वर्तमान स्थिति की समीक्षा की गई। इसमें जल संचयन, जल संरक्षण और जल प्रदूषण नियंत्रण के क्षेत्र में किए गए कार्यों की समीक्षा की गई। बैठक में जल संसाधन विभाग के अधिकारियों ने बताया कि विभाग ने जल संचयन के लिए नए प्रोजेक्ट शुरू किए हैं और जल प्रदूषण नियंत्रण के लिए नए उपाय किए हैं।
भविष्य के लक्ष्यों को निर्धारित किया गया
बैठक में भविष्य के लक्ष्यों को निर्धारित किया गया। इसमें जल संसाधन विभाग को जल संचयन, जल संरक्षण और जल प्रदूषण नियंत्रण के क्षेत्र में और भी अधिक काम करने के लिए कहा गया। मुख्यमंत्री सम्राट ने कहा कि जल संसाधन विभाग को जल संसाधनों के प्रबंधन में महत्वपूर्ण भूमिका निभानी होगी।
जल संसाधन विभाग के अधिकारियों ने आश्वासन दिया
बैठक में जल संसाधन विभाग के अधिकारियों ने आश्वासन दिया कि वे जल संसाधनों के प्रबंधन में महत्वपूर्ण काम करेंगे। उन्होंने कहा कि विभाग जल संचयन, जल संरक्षण और जल प्रदूषण नियंत्रण के क्षेत्र में और भी अधिक काम करेगा।
निष्कर्ष
जल संसाधन विभाग की उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक का आयोजन किया गया, जिसमें मुख्यमंत्री सम्राट ने भाग लिया। इस बैठक में जल संसाधन विभाग की वर्तमान स्थिति की समीक्षा की गई और भविष्य के लक्ष्यों को निर्धारित किया गया। जल संसाधन विभाग के अधिकारियों ने आश्वासन दिया कि वे जल संसाधनों के प्रबंधन में महत्वपूर्ण काम करेंगे।
स्रोत: हिन्दुस्थान समाचार



