अंतरराष्ट्रीय बाजार में 6% से ज्यादा गिरावट
अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमत गिरावट दर्ज की गई है।
इस गिरावट के बाद ब्रेंट क्रूड करीब 93 डॉलर प्रति बैरल और वेस्ट टेक्सास इंटरमीडिएट (WTI) करीब 88 डॉलर प्रति बैरल के स्तर पर आ गया है।
युद्ध खत्म होने की उम्मीद से गिरा तेल
यह गिरावट उस बयान के बाद आई है जिसमें Donald Trump ने ईरान के साथ चल रहे युद्ध के जल्द खत्म होने की संभावना जताई।
इस बयान के बाद वैश्विक बाजार में तेल आपूर्ति को लेकर बनी चिंता कुछ कम हो गई।
पहले 119 डॉलर तक पहुंच गया था तेल
पश्चिम एशिया में तनाव के कारण सोमवार को कच्चे तेल की कीमत लगभग 119 डॉलर प्रति बैरल तक पहुंच गई थी।
हालांकि युद्ध खत्म होने की उम्मीद से बाजार में तेजी से गिरावट देखने को मिली।
रूस ने भी दी शांति की पहल
बताया जा रहा है कि Vladimir Putin ने भी ट्रंप से बातचीत कर युद्ध समाप्त करने के लिए शांति प्रस्ताव दिया है।
इसके बाद बाजार में तेल की कीमतों पर दबाव बढ़ गया।
भारत जैसे देशों को राहत
भारत जैसे देश अपनी ऊर्जा जरूरतों का बड़ा हिस्सा आयात करते हैं।
ऐसे में कच्चे तेल की कीमत गिरावट भारत के लिए राहत की खबर मानी जा रही है, क्योंकि इससे आयात बिल और महंगाई पर दबाव कम हो सकता है।
कीमतों में उतार-चढ़ाव जारी रहने की संभावना
मार्केट एक्सपर्ट्स का मानना है कि ईरान युद्ध को लेकर आने वाले बयानों के कारण अगले कुछ दिनों तक कच्चे तेल की कीमतों में उतार-चढ़ाव जारी रह सकता है।



