कला के माध्यम से सुधार: दौसा जेल के बंदियों ने मिट्टी से रचा सरदार पटेल का सजीव चित्र

0
325

कला के माध्यम से सुधार

जयपुर, 27 अक्टूबर (हि.स.)। विशिष्ट केंद्रीय कारागृह श्यालावास, जिला दौसा में राष्ट्रीय एकता दिवस (31 अक्टूबर) की तैयारियों के तहत बंदियों ने देश के लौहपुरुष सरदार वल्लभभाई पटेल की मिट्टी से बनी एक भव्य और सजीव सैंड आर्ट प्रतिमा तैयार की है।

यह कलाकृति पूरी तरह जेल परिसर की प्राकृतिक मिट्टी और रंगों से तैयार की गई है, जो कला के माध्यम से सुधार की दिशा में एक प्रेरक पहल मानी जा रही है।

बंदियों की रचनात्मक पहल

जेल अधीक्षक पारस जांगिड़ ने बताया कि इस अनूठे प्रयास का उद्देश्य बंदियों में सकारात्मक सोच, अनुशासन और राष्ट्रीय भावना को बढ़ावा देना है। उन्होंने बताया कि इस प्रतिमा को बंदी राजेश मूर्तिकार ने अपने कौशल और परिश्रम से गढ़ा है, जिसमें बंदी संदीप गुप्ता ने सहयोग किया।

मिट्टी से बने सरदार पटेल के चित्र में उनके दृढ़ व्यक्तित्व और एकता के भाव को अत्यंत कुशलता से दर्शाया गया है।

एकता दिवस पर विशेष आयोजन

जेलर विकास बागोरिया ने बताया कि राष्ट्रीय एकता दिवस के उपलक्ष्य में जेल परिसर में कई कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। इनमें देश की एकता की शपथ, देशभक्ति आधारित नुक्कड़ नाटक, प्रश्नोत्तरी व भाषण प्रतियोगिता, और एकता परेड शामिल हैं।

इन कार्यक्रमों का उद्देश्य बंदियों को राष्ट्रीय मूल्यों और सामाजिक एकता के महत्व से जोड़ना है, ताकि वे समाज में लौटकर एक नई सकारात्मक भूमिका निभा सकें।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here