गुजरात के उपमुख्यमंत्री हर्षभाई संघवी के जन्मदिन को इस वर्ष जनसेवा और सामाजिक जागरूकता के रूप में मनाया गया। इस अवसर पर हीराबा का खम्मकर फाउंडेशन द्वारा एक व्यापक सेवा अभियान चलाया गया, जिसमें 41,000 किताबें और 41,000 साइबर जागरूकता बुकलेट समाज के विभिन्न वर्गों में वितरित की गईं।
इस पहल का उद्देश्य समाज में शिक्षा का प्रसार और डिजिटल सुरक्षा के प्रति जागरूकता बढ़ाना था।
📚 शिक्षा और सुरक्षा का संगम
कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों, युवाओं और आम नागरिकों को ज्ञानवर्धक पुस्तकें दी गईं। साथ ही बढ़ते साइबर अपराध, ऑनलाइन ठगी और डिजिटल धोखाधड़ी को देखते हुए विशेष साइबर अवेयरनेस बुकलेट भी वितरित की गईं।
इन बुकलेट्स में
- ऑनलाइन फ्रॉड से बचाव
- सुरक्षित इंटरनेट उपयोग
- ओटीपी और बैंकिंग सुरक्षा
- सोशल मीडिया से जुड़े खतरे
जैसी महत्वपूर्ण जानकारियां शामिल थीं।
🗣️ फाउंडेशन का उद्देश्य
फाउंडेशन के प्रमुख पीयूष देसाई ने कहा कि यह पहल समाज को केवल शिक्षित ही नहीं बल्कि डिजिटल रूप से सुरक्षित बनाने का प्रयास है।
उन्होंने कहा,
“शिक्षा से समाज मजबूत होता है और जागरूकता से सुरक्षित।”
🤝 समाज सेवा की परंपरा
हीराबा का खम्मकर फाउंडेशन पहले भी गरीब बच्चों की शिक्षा के लिए सक्रिय रहा है और अब तक 2,000 से अधिक बच्चों की स्कूल फीस का वहन कर चुका है।
हर्षभाई संघवी के जन्मदिन को सेवा दिवस के रूप में मनाने की यह पहल समाज में सकारात्मक संदेश और प्रेरणा देने का कार्य कर रही है।




