⚖️ हाईकोर्ट की सख्ती
Jharkhand High Court ने हजारीबाग जिले में 12 वर्षीय नाबालिग के साथ दुष्कर्म और हत्या के मामले को गंभीरता से लेते हुए स्वतः संज्ञान लिया है।
📢 अधिकारियों से मांगा जवाब
न्यायमूर्ति Sujit Narayan Prasad की अध्यक्षता वाली खंडपीठ ने राज्य के डीजीपी, गृह सचिव और हजारीबाग एसपी को नोटिस जारी कर जवाब दाखिल करने का निर्देश दिया है।
😡 कोर्ट की कड़ी टिप्पणी
सुनवाई के दौरान अदालत ने इस घटना को “घृणित और मानवता को शर्मसार करने वाला” बताया। अदालत के सामने यह भी कहा गया कि मामला Nirbhaya case जैसी गंभीरता का है।
🕵️ जांच पर उठे सवाल
कोर्ट ने पुलिस जांच की गति पर नाराजगी जताई। घटना 24 मार्च को हुई, जबकि एफआईआर 25 मार्च को दर्ज हुई, जिसे अदालत ने दुर्भाग्यपूर्ण बताया।
अदालत ने सवाल किया कि छह दिन बीत जाने के बाद भी आरोपी गिरफ्तार क्यों नहीं हुआ और क्या फॉरेंसिक जांच समय पर की गई है या नहीं।
📂 सुनवाई आगे बढ़ी
खंडपीठ ने मामले को आगे की सुनवाई के लिए मुख्य न्यायाधीश के पास भेज दिया है। साथ ही जांच की प्रगति और कार्रवाई पर विस्तृत रिपोर्ट पेश करने को कहा गया है।



