🌍 ईरान-अमेरिका तनाव के बीच कूटनीति तेज
अब्बास अराघची 48 घंटे में तीसरी बार पाकिस्तान पहुंचे हैं।
यह दौरा ऐसे समय हो रहा है जब ईरान और अमेरिका के बीच तनाव चरम पर है।
🤝 रूस की एंट्री: शांति की कोशिश
व्लादिमीर पुतिन ने साफ कहा है कि रूस मध्य पूर्व में शांति स्थापित करने के लिए पूरी ताकत लगाएगा।
पुतिन और अराघची के बीच सेंट पीटर्सबर्ग में करीब डेढ़ घंटे तक अहम बैठक हुई।
📍 पाकिस्तान बना कूटनीतिक केंद्र
इस्लामाबाद इस समय ईरान-अमेरिका के बीच बातचीत का अहम केंद्र बन गया है।
पाकिस्तान दोनों देशों के बीच मध्यस्थ की भूमिका निभा रहा है और अप्रत्यक्ष वार्ता को आगे बढ़ा रहा है।
⚠️ होर्मुज जलडमरूमध्य बना विवाद की जड़
होर्मुज जलडमरूमध्य को लेकर दोनों देशों में टकराव जारी है।
यह क्षेत्र वैश्विक तेल आपूर्ति के लिए बेहद महत्वपूर्ण माना जाता है, इसलिए तनाव का असर पूरी दुनिया पर पड़ सकता है।
🧠 क्या बोले रूसी प्रवक्ता?
दिमित्री पेस्कोव ने कहा कि:
- रूस मध्य पूर्व में स्थायी शांति चाहता है
- ईरान-अमेरिका संघर्ष किसी के हित में नहीं
- कूटनीतिक समाधान ही एकमात्र रास्ता है
🔍 आगे क्या?
लगातार बैठकों और कूटनीतिक दौड़ों से यह संकेत मिल रहा है कि
👉 युद्ध टालने की कोशिशें तेज हो गई हैं
👉 पाकिस्तान और रूस की भूमिका और अहम हो सकती है



