पश्चिम मेदिनीपुर जिले के केशपुर ब्लॉक स्थित आमनपुर पंचायत के हिजली प्राथमिक विद्यालय में मिड-डे मील को लेकर गंभीर विवाद खड़ा हो गया है। अभिभावकों ने आरोप लगाया है कि कुत्ते द्वारा जूठा किया गया मांस बच्चों को पकाकर परोसा गया, जिससे पूरे इलाके में आक्रोश फैल गया।
🍛 क्या है पूरा मामला?
साल 1973 में स्थापित इस प्राथमिक विद्यालय में लगभग 60 छात्र पढ़ते हैं। बुधवार को मिड-डे मील में मांस परोसा जाना था। अभिभावकों के अनुसार, मांस खरीदकर लाने के बाद उसे असुरक्षित अवस्था में रसोई में छोड़ दिया गया था।
इसी दौरान एक आवारा कुत्ता रसोई में घुस गया और बाल्टी में रखे कच्चे मांस को खाने लगा। कुछ बच्चों ने यह दृश्य अपनी आंखों से देखा। आरोप है कि इसके बाद भी वही मांस पकाकर बच्चों को परोस दिया गया।
👨👩👧👦 बच्चों ने बताया सच, भड़क उठे अभिभावक
बताया गया कि स्कूल प्रबंधन ने बच्चों से इस बारे में किसी को न बताने को कहा, लेकिन बच्चों ने घर जाकर अपने माता-पिता को सब कुछ बता दिया। इसके बाद बुधवार को स्कूल परिसर में अभिभावकों ने जोरदार विरोध प्रदर्शन किया।
🏫 स्कूल प्रबंधन की सफाई
स्कूल की प्रधानाध्यापिका ने आरोपों को पूरी तरह नकारा नहीं, लेकिन कहा कि
“वही मांस हमने भी खाया है और किसी को कोई दिक्कत नहीं हुई।”
🧑💼 प्रशासन की प्रतिक्रिया
पश्चिम मेदिनीपुर जिला परिषद के शिक्षा कर्माध्यक्ष श्यामपद पात्र ने कहा कि
“मामले की गंभीरता से जांच की जा रही है। यदि आरोप सही पाए गए तो दोषियों पर सख्त कार्रवाई होगी।”
⚕️ स्वास्थ्य को लेकर चिंता
हालांकि चिकित्सकों का कहना है कि यदि मांस को उच्च तापमान पर अच्छी तरह पकाया गया हो, तो संक्रमण की संभावना कम होती है, लेकिन इस तरह की लापरवाही बच्चों के स्वास्थ्य के साथ खिलवाड़ है।




