बिजली पर वैट को लेकर सरकार का बड़ा फैसला
नेपाल सरकार ने स्पष्ट कर दिया है कि बिजली पर वैट वापस नहीं लिया जाएगा। वित्त मंत्री डॉ. स्वर्णिम वाग्ले ने कहा कि सरकार अपने फैसले पर कायम है, लेकिन उपभोक्ताओं का अतिरिक्त बोझ कम करने के लिए विकल्प तलाश रही है।
उपभोक्ताओं को राहत देने की तैयारी
सरकार बिजली पर वैट बनाए रखते हुए राहत देने के लिए कई उपायों पर विचार कर रही है। इनमें बिजली शुल्क में समायोजन और निम्न आय वर्ग के परिवारों को मिलने वाली मुफ्त बिजली इकाइयों की संख्या बढ़ाने जैसे प्रस्ताव शामिल हैं।
कितना बढ़ेगा बिजली बिल?
वित्त मंत्री के अनुसार बिजली पर वैट को लेकर जितनी चिंता जताई जा रही है, वास्तविक प्रभाव उससे काफी कम है। उनका कहना है कि एक सामान्य परिवार के बिजली बिल में बिजली पर वैट लागू होने के बाद लगभग 24 रुपये का अतिरिक्त भार पड़ सकता है।
मुफ्त यूनिट का मिलेगा लाभ
सरकार का तर्क है कि पहले से मिलने वाली मुफ्त बिजली यूनिट के कारण बिजली पर वैट का वास्तविक प्रभाव कम हो जाता है। इससे निम्न और मध्यम आय वर्ग के उपभोक्ताओं को कुछ राहत मिलती है।
आर्थिक सुधारों पर सरकार का फोकस
वित्त मंत्री ने कहा कि आगामी बजट का उद्देश्य आर्थिक सुधारों को गति देना और युवाओं के लिए रोजगार के अवसर बढ़ाना है। सरकार देश के भीतर बेहतर आय और निवेश के अवसर तैयार करने पर भी काम कर रही है।
बड़े सुधारों की तैयारी
सरकार नेपाल टेलिकम, राष्ट्रीय वाणिज्य बैंक, नेपाल एयरलाइंस और नेपाल विद्युत प्राधिकरण में भी सुधार की योजना बना रही है। साथ ही बड़े विकास कार्यों के लिए नए वित्तीय संसाधन जुटाने पर भी जोर दिया जा रहा है।


