पाकिस्तान की राजनीति में लंबे समय से जारी गतिरोध के बीच एक बड़ा घटनाक्रम सामने आया है। प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ ने अपदस्थ प्रधानमंत्री इमरान खान की पार्टी पाकिस्तान तहरीक-ए-इंसाफ (PTI) के साथ औपचारिक बातचीत की मंजूरी दे दी है।
सरकार की ओर से इस संवाद प्रक्रिया का नेतृत्व नेशनल असेंबली के स्पीकर सरदार अयाज सादिक करेंगे। इसमें सरकार का प्रतिनिधिमंडल भी शामिल रहेगा।
🏛️ स्पीकर को सौंपी गई अहम जिम्मेदारी
दुनिया न्यूज की रिपोर्ट के अनुसार, प्रधानमंत्री ने स्पीकर को निर्देश दिए हैं कि यदि पीटीआई बातचीत के लिए संपर्क करे तो वे तुरंत बैठक बुलाएं। यह बातचीत स्पीकर के चैंबर में होगी और केवल चुने हुए प्रतिनिधियों को ही इसमें शामिल होने की अनुमति होगी।
स्पीकर कार्यालय के सूत्रों के मुताबिक अभी तक पीटीआई की ओर से कोई औपचारिक अनुरोध नहीं आया है, लेकिन सरकार पूरी तरह से तैयार है।
🗣️ सरकार ने बढ़ाया संवाद का हाथ
प्रधानमंत्री के राजनीतिक मामलों के सलाहकार और सीनेटर राणा सनाउल्लाह खान ने कहा कि
“सरकार लोकतंत्र को आगे बढ़ाने और राजनीतिक स्थिरता के लिए विपक्ष से बातचीत को तैयार है। अब यह पीटीआई पर निर्भर करता है कि वह इस मौके का उपयोग करती है या नहीं।”
🔍 क्यों अहम है यह पहल?
इमरान खान की गिरफ्तारी और पीटीआई के खिलाफ कार्रवाई के बाद पाकिस्तान में
- राजनीतिक तनाव
- विरोध प्रदर्शन
- संसद का बहिष्कार
जैसे हालात बने हुए हैं। ऐसे में यह बातचीत राजनीतिक समाधान की दिशा में पहला कदम मानी जा रही है।
यदि यह संवाद सफल होता है तो इससे
- लोकतांत्रिक प्रक्रिया को मजबूती
- राजनीतिक ध्रुवीकरण में कमी
- और देश में स्थिरता आने की उम्मीद की जा रही है।




