🚨 थाना परिसर में बढ़ा विवाद
बिहार के सुपौल जिले के राघोपुर थाना परिसर में बुधवार को उस समय तनावपूर्ण स्थिति पैदा हो गई, जब एक नाबालिग लड़की के मामले में उसके परिजनों और पुलिस के बीच विवाद बढ़ते-बढ़ते हाथापाई में बदल गया।
👧 नाबालिग की बरामदगी से जुड़ा मामला
जानकारी के अनुसार, नदी थाना क्षेत्र की एक नाबालिग लड़की कुछ दिनों पहले लापता हो गई थी। इस मामले में राघोपुर थाना में केस दर्ज किया गया था। पुलिस ने मंगलवार को लड़की को बीरपुर से बरामद किया।
🏥 अस्पताल में शुरू हुआ विवाद
लड़की को मेडिकल जांच के लिए सुपौल सदर अस्पताल ले जाया गया, जहां परिजन बड़ी संख्या में पहुंच गए। मुलाकात की अनुमति न मिलने पर परिजन आक्रोशित हो गए और पुलिस से बहस शुरू हो गई, जो धीरे-धीरे धक्का-मुक्की में बदल गई।
⚠️ थाने में भी जारी रही झड़प
पुलिस के अनुसार, लड़की को सुरक्षित थाना लाया गया, लेकिन वहां भी विवाद थमा नहीं और दोनों पक्षों के बीच कहासुनी झड़प में बदल गई। स्थिति को काबू में करने के लिए अतिरिक्त पुलिस बल को हस्तक्षेप करना पड़ा।
🗣️ परिजनों के गंभीर आरोप
पीड़िता के परिजनों ने आरोप लगाया कि उन्हें थाने में ले जाकर मारपीट की गई, जिससे वे घायल हो गए। बाद में उन्होंने राघोपुर रेफरल अस्पताल में इलाज कराया।
👮♂️ पुलिस ने आरोपों से किया इनकार
वहीं, थानाध्यक्ष अमित कुमार राय ने मारपीट के आरोपों को पूरी तरह खारिज करते हुए कहा कि स्थिति नियंत्रण में है और ऐसी कोई घटना नहीं हुई है।
🔍 निष्पक्ष जांच की मांग
दोनों पक्षों के अलग-अलग दावों के बीच अब इस मामले की निष्पक्ष जांच की मांग उठ रही है, ताकि सच्चाई सामने आ सके।



