🔹 Himachal Snowfall Crisis से जनजीवन अस्त-व्यस्त
हिमाचल प्रदेश में लगातार हो रही बर्फबारी से Himachal Snowfall Crisis गहराता जा रहा है।
पिछले एक सप्ताह में दूसरी बार भारी हिमपात दर्ज किया गया है।
🔹 4 नेशनल हाइवे और 885 सड़कें बंद
राज्य आपातकालीन परिचालन केंद्र के अनुसार चार नेशनल हाइवे बंद कर दिए गए हैं।
इसके साथ ही प्रदेशभर में 885 सड़कें यातायात के लिए अवरुद्ध हैं।
Himachal Snowfall Crisis से पहाड़ी इलाकों में आवाजाही ठप हो गई है।
🔹 सबसे ज्यादा प्रभावित जिले
शिमला, कुल्लू, मंडी, चंबा, किन्नौर और लाहौल-स्पीति सबसे ज्यादा प्रभावित हैं।
लाहौल-स्पीति में 290 सड़कें, शिमला में 176 और मंडी में 128 सड़कें बंद हैं।
🔹 बिजली आपूर्ति पर भी भारी असर
प्रदेश में 3237 बिजली ट्रांसफार्मर खराब हो चुके हैं।
हजारों उपभोक्ता लंबे समय से ब्लैकआउट झेल रहे हैं।
Himachal Snowfall Crisis में सबसे ज्यादा ट्रांसफार्मर शिमला और कुल्लू में ठप हुए हैं।
🔹 पेयजल योजनाएं भी प्रभावित
कुल 121 पेयजल योजनाएं बाधित हुई हैं।
अकेले शिमला जिले में 91 योजनाएं प्रभावित हैं।
इससे Himachal Snowfall Crisis का असर पानी की आपूर्ति तक पहुंच गया है।
🔹 ग्लेशियर खिसकने से दहशत
चंबा जिले के भरमौर क्षेत्र में देर रात ग्लेशियर खिसकने की घटना हुई।
दो वाहन और तीन दुकानें इसकी चपेट में आईं, हालांकि कोई जनहानि नहीं हुई।
🔹 स्कूल बंद, यात्रा से बचने की अपील
कुल्लू और लाहौल-स्पीति में सभी शिक्षण संस्थान बंद रखे गए हैं।
प्रशासन ने हिमस्खलन के खतरे को देखते हुए अनावश्यक यात्रा से बचने को कहा है।
🔹 बर्फबारी और ठंड का रिकॉर्ड
खदराला में 41 सेमी, गोंदला में 36 सेमी और मनाली में 28 सेमी बर्फबारी दर्ज हुई।
कई इलाकों में न्यूनतम तापमान शून्य से नीचे चला गया है।
🔹 मौसम विभाग की चेतावनी
मौसम विभाग ने आने वाले दिनों में फिर बर्फबारी और खराब मौसम की संभावना जताई है।
Himachal Snowfall Crisis अगले सप्ताह और गंभीर हो सकता है।



