👩💼 महिलाओं के लिए बड़ा रोजगार अवसर
उत्तर प्रदेश में योगी आदित्यनाथ सरकार ने महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने के लिए बड़ा कदम उठाया है। अगले तीन वर्षों में प्रदेश की 57 हजार ग्राम पंचायतों में ‘बीमा सखी’ तैयार की जाएंगी।
📊 हर गांव में होगी एक बीमा सखी
इस योजना के तहत हर ग्राम पंचायत में एक महिला को बीमा सखी के रूप में नियुक्त किया जाएगा। इन्हें प्रशिक्षण देकर बीमा उत्पादों के प्रचार, बिक्री और सेवा से जोड़ा जाएगा।
🤝 एलआईसी और एनआरएलएम के बीच समझौता
भारतीय जीवन बीमा निगम और दीनदयाल अंत्योदय योजना-राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन के बीच हुए समझौते के तहत स्वयं सहायता समूह की महिलाओं को इस योजना से जोड़ा जा रहा है।
📈 तेजी से बढ़ रहे आवेदन
अब तक 65 जिलों से 3,397 आवेदन प्राप्त हो चुके हैं। इनमें से सैकड़ों महिलाओं ने प्रशिक्षण पूरा कर लिया है और कई को लाइसेंस भी मिल चुका है।
💰 स्टाइपेंड और कमीशन दोनों
बीमा सखी बनने वाली महिलाओं को पहले साल हर महीने 7,000 रुपये स्टाइपेंड मिलेगा। दूसरे साल 6,000 और तीसरे साल 5,000 रुपये दिए जाएंगे। इसके अलावा बीमा पॉलिसी कराने पर कमीशन भी मिलेगा, जिससे उनकी आय बढ़ेगी।
🎯 बड़ा लक्ष्य, मजबूत योजना
सरकार ने 2026–27 में 20,000 नई बीमा सखियों की नियुक्ति का लक्ष्य रखा है। इस योजना से ग्रामीण महिलाओं को रोजगार मिलेगा और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलेगी।



