बीकेटीसी के उपाध्यक्ष को सम्मानित करते हुए एक भव्य समारोह 6 नवंबर 2026 को आयोजित किया गया, जिसमें कृषि क्षेत्र के प्रमुख नेता और नीतिनिर्माता उपस्थित थे। इस कार्यक्रम का उद्देश्य उपाध्यक्ष के असाधारण योगदान और उनके द्वारा किए गए नवाचारी प्रयासों को मान्यता देना था। उपाध्यक्ष ने बीकेटीसी के विकास के लिए महत्वपूर्ण नीतिगत ढांचे तैयार किए, जिससे किसानों के लिए प्रशिक्षण और संसाधन उपलब्ध कराना आसान हुआ। इस सम्मान समारोह ने कृषि शिक्षा के क्षेत्र में बीकेटीसी की अग्रणी भूमिका को फिर से रेखांकित किया।
उपाध्यक्ष की उपलब्धियों का जश्न मनाया गया
सभी उपस्थित लोगों ने उपाध्यक्ष के द्वारा स्थापित प्रशिक्षण केंद्रों के नेटवर्क को सराहा, जिसने हजारों किसानों को आधुनिक कृषि तकनीक सिखाई। उनके नेतृत्व में बीकेटीसी ने डिजिटल प्लेटफ़ॉर्म के माध्यम से सूचना प्रसार और कृषि सहायता को बढ़ावा दिया, जिससे ग्रामीण इलाकों में भी सटीक खेती की दिशा में कदम बढ़े।
प्रमुख अतिथियों की भागीदारी से कार्यक्रम में ऊर्जा
समारोह में कृषि मंत्री, राज्य के मुख्यमंत्री, और प्रमुख कृषि वैज्ञानिकों ने अतिथि के रूप में भाग लिया। उन्होंने उपाध्यक्ष की उपलब्धियों पर प्रकाश डाला और भविष्य की योजनाओं पर चर्चा की। कृषि मंत्री ने कहा कि उपाध्यक्ष के प्रयासों से किसान समुदाय को नई आशा मिली है और यह मॉडल अन्य राज्यों के लिए प्रेरणास्रोत है।
सम्मानित उपाध्यक्ष का भावपूर्ण संबोधन
उपाध्यक्ष ने अपने संबोधन में बताया कि बीकेटीसी का मिशन हमेशा किसानों के हित में रहा है। उन्होंने कहा कि “सफलता का रहस्य है शिक्षा और संसाधन का संतुलित वितरण।” उन्होंने आगामी वर्ष के लिए नई पहलें और विस्तार योजनाओं का परिचय भी दिया, जिससे कृषि क्षेत्र में और अधिक रोजगार के अवसर पैदा होंगे।
पुरस्कार एवं मानद पदक से सम्मानित
समारोह के दौरान उपाध्यक्ष को “कृषि शिक्षा में उत्कृष्टता पुरस्कार” और एक सुवर्ण पदक से नवाज़ा गया। यह सम्मान उनकी समर्पित सेवा और नवाचार के प्रति प्रतिबद्धता को दर्शाता है। कार्यक्रम के अंत में, सभी ने उपाध्यक्ष के नाम पर एक गान की धुन गाई, जो इस सम्मान के महत्व को और भी गहरा करता है।
निष्कर्ष
इस सम्मान समारोह ने बीकेटीसी के उपाध्यक्ष के अथक परिश्रम और उनके द्वारा लाए गए सकारात्मक बदलावों को राष्ट्रीय स्तर पर मान्यता दी। यह कार्यक्रम न केवल उनके व्यक्तिगत योगदान का सम्मान करता है, बल्कि कृषि शिक्षा और ग्रामीण विकास के प्रति समर्पित सभी लोगों के लिए प्रेरणा का स्रोत भी है। भविष्य में बीकेटीसी के प्रयासों से और भी किसान सशक्त होंगे, और कृषि क्षेत्र में नई ऊँचाइयाँ प्राप्त होंगी।


