▶️ चुनाव से पहले बड़ी तैयारी
असम में होने वाले विधानसभा चुनाव को लेकर भारत निर्वाचन आयोग ने तैयारियां तेज कर दी हैं। 9 अप्रैल को होने वाले चुनाव से पहले आयोग ने जिला प्रशासन और पुलिस अधिकारियों के साथ समीक्षा और प्रशिक्षण बैठक आयोजित की।
▶️ सुरक्षित और निष्पक्ष चुनाव पर जोर
बैठक में मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार के उस आश्वासन को दोहराया गया, जिसमें उन्होंने कहा था कि चुनाव हिंसा, डर और प्रलोभन से मुक्त होंगे। उद्देश्य है कि हर मतदाता स्वतंत्र और निष्पक्ष तरीके से मतदान कर सके।
▶️ किन मुद्दों पर हुई चर्चा
इस बैठक में कई अहम विषयों पर विस्तार से चर्चा की गई:
- मतदान केंद्रों पर न्यूनतम सुविधाएं
- ईवीएम प्रबंधन और लॉजिस्टिक्स
- चुनाव कर्मियों का प्रशिक्षण
- कानून-व्यवस्था और जब्ती कार्रवाई
- मतदाता जागरूकता अभियान
▶️ अधिकारियों को दिए गए खास निर्देश
निर्वाचन आयोग ने अधिकारियों को कई महत्वपूर्ण निर्देश भी दिए:
- हर प्रिजाइडिंग अधिकारी मतदान के बाद ‘फॉर्म 17सी’ की हस्ताक्षरित प्रति एजेंटों को दे
- ‘ईसीआईनेट’ ऐप के जरिए हर 2 घंटे में मतदान प्रतिशत अपडेट किया जाए
- मतदान से 5 दिन पहले सभी मतदाताओं को वोटर स्लिप और गाइड उपलब्ध कराए जाएं
- ब्रेल वोटर स्लिप से दृष्टिबाधित मतदाताओं की सहायता सुनिश्चित की जाए
▶️ पारदर्शिता और सुरक्षा पर फोकस
आयोग ने यह भी निर्देश दिया कि प्रचार से जुड़ी अनुमति 24 घंटे के भीतर “पहले आओ-पहले पाओ” के आधार पर दी जाए। खासतौर पर नदी तटीय और चर क्षेत्रों के मतदान केंद्रों पर सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने पर जोर दिया गया।



